How to Start Potato Powder Production Business Hindi


ज़िन्दगी में हर रोज़ उतार चढ़ाव आते रहते हैं। कुछ न कुछ नया होता रहता है और कुछ पुराना बदलता रहता है। लेकिन कुछ चीजें ऐसी होती हैं जो कभी आउटडेटेड भी नहीं होती और उनका क्रेज़ भी ना कभी कम नहीं होता। 

बिलकुल जैसे आलू पटेटो। जी हाँ वही आलू जो हर किचन में हमेशा मौजूद रहता है और उसे पसंद करने वाले बिना हममें से बहुत सारे लोग होते है। एक्चुअली आलू एक ऐसी चीज़ है जिसको मिक्स करें तो सब अच्छा लगेगा। अकेले तो भी टेस्टी लगेगा। इसको ना कहने का हार्डवेयर में कोई रीजन मिल पाता है।

 अब यह तो बताने की जरुरत नहीं है पर वे बता ही देते हैं कि पटेटो एक ऐसी वेजिटेबल है जिसका यूज़ पूरे साल किया जाता है क्यूंकि ये सब्जी दूसरी सब्जियां, सीरियल्स, पल्सेज, मीट और बाकी चीजों से कंबाइन भी हो जाती है। तो ये एक इम्पोर्टेन्ट क्यूबन वेजिटेबल है जिसके साइज शेप और कलर में वैरी करते है। 

अभी बताने की जरूरत इसलिए पड़ी क्योंकि इन पटेटो से बनता है पटेटो पाउडर जिसकी बहुत ज्यादा डिमांड बनी रहती है। लेकिन ऐसा क्या है? पोटेटो पाउडर में जो इसकी इतनी डिमांड रहती है। आखिर ये यूज कहां होता है? तो हमारे घरों के अलावा होटल्स, रेस्टोरेंट्स, कैफे, रिजॉर्ट और केटरर्स इसका यूज डेली बेसिस पर करते हैं। फास्ट फूड मेकर्स भी इसका काफी ज्यादा यूज करते है। इसका यूज आम प्रोसेस, सिविलियन रेड और स्कूल लंच प्रोग्राम्स में भी काफी ज्यादा होता है। 

स्नैक फूड सूप्स करी जैसी डिशेस को फिट करने में इसका यूज किया जाता है क्यूंकि ये फूड ऑपरेशन्स में एक थिकिंग एजेंट की तरह काम करता है। लेकिन अक्सर पटेटो पाउडर को पटेटो स्टार्च ही समझ लिया जाता है। लेकिन जो पटेटो पाउडर का बिजनेस शुरू करने के बारे में सोच रहा हो, उसे ये पता होना चाहिए कि पटेटो पाउडर फ्रेश पटेटो उसका डीहाईड्रेशन है। इसमें पटेटो का सारा ड्राय मैटर होता है और पटेटो स्किन भी। इसमें कूटू, पटेटो का न्यूट्रीशियन फ्लेवर और टेस्ट बना रहता है। जबकि पटेटो स्टार्च पटेटो का केवल एक इंग्रेडिएंट होता है जिसमें पटेटो का न्यूट्रीशियन फ्लेवर और टेस्ट नहीं होता।

 तो अगर आप इस पाउडर की और भी क्वॉलिटीज जानना चाहते हैं तो उसका न्यूट्रिशन लेवल सीरियल प्लान जितना होता है। ये विटामिन सी और विटामिन के से भरपूर होता है। इसमें बहुत सारा डाइटरी फाइबर और लो फैट होता है। इसमें कॉलेस्ट्रॉल और सैचुरेटेड फैटी एसिड नहीं होते हैं और इसे खाना और डाइजेस्ट करना आसान होता है। तो अब आप समझ गए ना। इस पाउडर को इतना ज्यादा पसंद किए जाने के पीछे कितने सारे रीजन्स हैं और ये जानना आपके लिए जरुरी भी है ताकि आप इसकी इम्पोर्टेंस और वर्थ समझ कर इस नॉलेज को अपने बिजनेस की ग्रोथ में सही तरीके से इन्वेस्ट कर सकें। 

पटेटो पाउडर मैन्युफैक्चरिंग प्रोजेक्ट कहां शुरू किया जाना फायदेमंद हो सकता है ?

तो जहां के लिए रॉ मटीरियल यानि पटेटो आसानी से अवेलेबल हों, वहां ये बिजनेस शुरू करना आसान होगा और फिर इंडिया तो वर्ल्ड में मेटल, पोटेटो प्रोड्यूसिंग कंट्रीज में से एक है और यहां के ऑलमोस्ट हर स्टेट क्रॉप को प्रोड्यूस कर रही है। पटेटो पाउडर का 100 से भी ज्यादा एक्सपोर्ट कर दिया जाता है जो यूएसए, जर्मनी, थाईलैंड, युएई, यूके, ब्राजील, जापान, ऑस्ट्रेलिया, फ्रांस जैसी कई कंट्रीज में एक्सपोर्ट होता है। इस प्रोडक्ट का बहुत अच्छा स्कोप है और इसका मार्केट पोटेंशियल भी बहुत ज्यादा है। इसलिए अदर कंट्रीज के अलावा हमारी कंट्री में भी पैकेज्ड पटेटो पाउडर की काफी ज्यादा डिमांड बनी रहती है और जब से पटेटो से पाउडर बनाया जा सकता है तो ये बेनिफिट जरुर से लिया जाना चाहिए। 

इसलिए पटेटो पाउडर मैन्युफैक्चरिंग बिजनेस एक न्यू स्टार्टअप एन्टरप्रेन्योर के लिए बहुत अच्छी ऑपर्च्युनिटी हो सकता है। पटेटो पाउडर तैयार करने का एक और फायदा है कि ऐसा करके पटेटो की उस फाइव पोस्ट को बचाया जा सकता है जो बहुत से रीजन से खराब हो जाता है। यानी पटेटो की बेक क्वांटिटी को खराब होने से बचाने के लिए प्रोसेसिंग प्रिजर्वेशन के जरिए उसका पटेटो पाउडर तैयार किया जा सकता है और पाउडर प्रोसेसिंग मैन्युफैक्चरिंग के लिए पटेटो की मोस्ट सूटेबल वेराइटीज में कुफरी, सोना, कुफरी, ज्योति और चंद्रमुखी इनक्लूड है। 

तो देखिए अब तो आपको पटेटो पाउडर के लिए बेस्ट वेराइटीज भी पता चल गई हैं और पटेटो पाउडर के बारे में आप बहुत कुछ जान भी चुके हैं। इसलिए अब तो आपको पटेटो पाउडर मैन्युफैक्चरिंग बिजनेस से जुड़ी सभी जरूरी बातें जान लेनी चाहिए ताकि आप इस आइडिया के बारे में अच्छी तरीके से सोच सकें। 

पटेटो पाउडर प्रोडक्शन के लिए आपको कौन से स्टेप और मेजर पॉइंट्स पर गौर करना होगा। 

अपना बिजनेस सेटअप करने से पहले आपको प्लांट मशीनरी, बिल्डिंग, रिक्वायरमेंट्स, पेमेंट, वॉटर और इलेक्ट्रिसिटी जैसी इन सभी चीजों के बारे में सोचना होगा। इनके अलावा स्किल्ड लेबर हायर करना और रॉ मटीरियल को परचेज करना, कैपिटलाइजेशन को समझना, इक्विपमेंट, फाइनेंस, ट्रांसपोर्टेशन और कंपनी रजिस्ट्रेशन जैसे पैरामीटर्स को अपने बिजनेस प्लान में जगह देनी होगी। 

इसलिए आइए मेजर प्वाइंट्स को थोड़ा अच्छी तरह देख लेते हैं। 

बिजनेस प्लान 

सबसे पहले बिज़नस प्लान पटेटो पाउडर प्रॉडक्शन या मैन्युफैक्चरिंग बिज़नस शुरू करने के लिए सबसे पहले आपके पास एक बिजनेस प्लान होना चाहिए जिसमें आपने इस बिज़नस का एनालिसिस मार्केट साइज और प्रेजेंट मार्केट पोजिशन को कवर कर रखा हो। मार्केट कॉम्पिटिशन फ्यूचर डिमांड के सभी जरूरी पॉइंट्स इसमें इनक्लूड होने चाहिए। आप अच्छी क्वॉलिटी के रॉ मटीरियल को कैसे और कहां से खरीदेंगे, आपको ये भी पता होना चाहिए। 

 फाइनेंस आपको टोटल कैपिटल इनवेस्टमेंट का एस्टिमेट लगाना होगा। 

पानी में प्री ऑपरेशनल एक्सपेंसेज, प्लांटिंग मशीनरी, कॉस्ट बिल्डिंग, कॉस्ट लैंड प्री ऑपरेटिव एक्सपेंसेज रो मटीरियल कॉस्ट फिक्स्ड एसेट्स एक्स्ट्रा आते हैं। अगर आपको बैंक से लोन लेना है तो अपना इम्प्रेसिव बिजनेस प्लान प्रजेंट करना होगा और इस टाइम आप ये ध्यान रख सकते हैं कि लोन लॉन्ग टर्म हो और लोन इंटरेस्ट लोन हो। 

वर्किंग कैपिटल इसमें लेबोरेट्री और केमिकल्स कॉस्ट पैकेजिंग मटीरियल और रॉ मटीरियल एक्स्ट्रा कवर होते हैं।

 इनके अलावा आपको डिस्ट्रिब्यूशन सेल्स एक्सपेंसेज, रॉयल्टी चार्जेस, फ्यूल वॉटर, इलेक्ट्रिकल पावर कंजप्शन जैसी सारी चीजों को भी तो कंसीडर करना ही होगा तो ये ध्यान रखें। 

रिक्वायर्ड मशीनरी 

पोटेटो पीलिंग मशीन, स्लाइडिंग मशीन ड्रायर, पल्लवी राइजर सीलिंग मशीन, स्टीम बॉयलर, इलेक्ट्रॉनिक वेइंग स्केल एक्स्ट्रा की आपको जरूरत होगी। 

कंपनी रजिस्ट्रेशन 

अपनी कंपनी को रजिस्टर करवाना। एक बहुत इम्पोर्टेन्ट स्टेप है जिसे आपको पूरा करना होगा और इसमें आप अपनी कंपनी को एक लिमिटेड लाइबिलिटी कंपनी के तौर पर रजिस्टर करवा सकते हैं और उसके बाद आपको कंपनी का इंश्योरेंस कवर और टैक्स आइडेंटिफिकेशन नंबर भी लेना चाहिए। हेल्थ एंड सेफ्टी रूल्स को फॉलो करके आप प्रोडक्ट आइडेंटिफिकेशन नंबर भी लीजिए। 

मार्केटिंग कीजिए 

पटेटो पाउडर प्रोडक्शन ऑपरेटर्स ज्यादातर इंटरनेशनल मार्केट को टारगेट करते हैं और इसका रीजन आप जानते हैं क्योंकि पटेटो पाउडर का बहुत बड़ा हिस्सा तो एक्सपोर्ट ही होता है। इसलिए अगर आपका टारगेट एक्सपोर्ट पर है तो टॉप मार्केट यानी यूएसए, यूरोप और एशिया में मार्केटिंग को आप टारगेट कर सकते हैं और क्योंकि ये काफी बड़ा एरिया है। इसलिए आपको मार्केटिंग की एकदम यूनीक और इफेक्टिव स्ट्रैटेजी की जरूरत पड़ेगी। इसलिए इसके बारे में भी पहले से ही क्लीयर प्लान बना लेना बेहतर रहेगा। 

वैसे आप चाहें तो डोमेस्टिक मार्केट के लिए यानी इंडिया के मार्केट के लिए भी मार्केटिंग कर सकते हैं और अब अगर पटेटो पाउडर मैन्युफैक्चरिंग प्रोजेक्ट की कॉस्ट का आइडिया लें तो इस बिजनेस में टोटल कैपिटल इन्वेस्टमेंट ₹20 लाख तक हो सकता है। जिसमें प्लांट, कपैसिटी और मशीनरी के बेस पर वेरिएशन मिल सकता है। 

तो दोस्तों इस तरह अब आप जान चुके हैं कि पटेटो पाउडर की बढ़ती डिमांड में आप अपने बिजनेस के लिए कैसे गोल्डन अपॉर्चुनिटी स्टार्ट कर सकते हैं और कैसे हर घर में मिलने वाले फेवरिट वेजिटेबल के दम पर एक सक्सेसफुल बिजनेस शुरू कर सकते हैं। इसलिए बिजनेस आइडिया के बारे में जरूर सोचिए खासकर अगर आपको भी पटेटो बहुत पसंद है और पसंद होने के साथ साथ आप सोचते हैं कि पटेटो को आगे आप कहां तक ले जा सकते हैं तो एग्री वीडियो आपको पसंद आया हो तो लाइक आप ने कर दिया है तो प्लीज कॉमेंट सेक्शन में आप अपना प्यार हमारे साथ शेयर कर सकते हैं। अगर कोई सवाल है उस बारे में लिख सकते हैं।

 

Suraj Rai

Hello Friends My Name is Suraj Rai I'm a professional web developer and Digital marketer.

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